
उत्तर प्रदेश, सोनभद्र। सोनभद्र जिला मुख्यालय से 25 km दूर ग्रामीण क्षेत्र पनौली में इन दिनों बिजली कटौती की समस्या चरम पर है। आलम यह कि यहां निवासरत आम जनता अब पेय जल के संकट से जूझती नजर आ रही है।
यह आलम तब है जब सूबे के मुखिया ने साफ़ तौर पर बिजली विभाग को निर्देश दिया है कि बिजली आपूर्ति हर हाल में बहाल होनी चाहिए, पर मुख्यमंत्री के निर्देश का पालन शाहगंज बिजली विभाग के अधिकारी ठीक ढंग से नहीं कर रहे है।
इस कड़ी में आपको बता दे कि सोनभद्र जिले के वर्तमान जिला अधिकारी अपने बेहतरीन कार्यशैली के जाने जाते रहे है। ग्राम सभा पनौली के बिजली उपभोक्ताओं ने हमें बताया कि ग्राम सभा में बिजली कटौती अपना नया रिकॉर्ड बनाने की होड में है।
ग्राम सभा में यदि ट्रांसफार्मर का फ्यूज भी उड़ जाये तो ग्राम सभा पनौली में तैनात लाइनमैन द ग्राम वाशियो से मुंहमांगा रुपया वसूल कर ही समस्या से निदान दिलाने में सक्रिय होते है।
अब ऐसे में सवाल विभाग के उच्च अधिकारियों पर उठता है कि ऐसी गतिविधिया अगर निर्मित होती रही तो ग्राम वाशियो को बिजली संकट से जूझना पड़ सकता है।





